बुधवार, 6 जनवरी 2010

कोमा में समाजवादी पार्टी!



समाजवादी पार्टी के महासचिव व प्रवक्ता अमर सिंह ने छह जनवरी को सभी पदों से इस्तीफा दे दिया। इसके साथ ही सपा में भूचाल आ गया और सपा चली गई कोमा में। अमर सिंह फिलहाल दुबई में हैं और वहीं से इस्तीफा भेजे हैं। अमर ने इसकी वजह अपने खराब स्वास्थ्य को बताया है। उनका कहना है कि वे दूसरे के गुर्दे पर जी रहे हैं, ऐसे में चिकित्सकों ने उन्हें भाग-दौड़ से मना किया है। पार्टी में विभिन्न पदों पर रहते हुए यह मुमकिन नहीं था। सो, उन्हें इस्तीफा देना पड़ा। उनके इस्तीफे को कांग्रेस और विपक्ष के नेताओं ने नाटक करार दिया है। यह भी कहा है कि अमर-मुलायम के बीच यह नया नाटक है। इधर, सपा सुप्रीमो मुलायम सिंह यादव ने कहा कि वे अमर सिंह को हर हाल में मना लेंगे। सर्वविदित है कि अमर सिंह के गुर्दे का प्रत्यारोपण तीन महीने पहले सिंगापुर में हुआ था। इस ऑपरेशन के बाद कोई भी मरीज पूर्णरूपेण स्वस्थ नहीं रह सकता है। यदि हर पल वह परहेज से नहीं रहेगा तो उसकी जान कभी भी जा सकती है। यह अमर सिंह ही हैं कि तीन माह में ही माइक पकड़कर भाषण भी देने लगे। चूंकि गुर्दे रोग के बारे में लोगों को बहुत कम जानकारी है। ऐसे में अमर सिंह को वास्तव में आराम की जरूरत है। इसके बावजूद देश के किसी भी पार्टी के नेता को अमर पर यकीन नहीं है कि वास्तव में उनका स्वास्थ्य खराब है। यहां तक कि उनकी पार्टी में भी एकरूपता नहीं है। वजह है-अमर सिंह शुरू से ही एक तिकड़मबाज नेता रहे हैं। वे अपने स्वार्थ के लिए कब क्या बोल देंगे, कहना मुश्किल है। कब अपने ही बयान से मुकर जाएंगे और मीडियाकर्मी को कटघरे में लाकर खड़े कर देंगे? मुलायम के दाहिना हाथ और हनुमान के रूप में जाने-जाने वाले अमर यदि इस्तीफा वापस नहीं लेते हैं तो सपा पर इसका असर पड़ेगा। हालांकि पार्टी के नेता उन्हें मनाने में जुट गए हैं। इसके पहले भी अमर सिंह इस्तीफा दे चुके हैं, जिसे मुलायम सिंह फाड़ कर फेंक चुके हैं। अमर ने दुबई से एक इलेक्ट्रोनिक चैनल को बताया कि उनका किसी से कोई मतभेद नहीं है। वे पार्टी में बने भी रहेंगे, वे सिर्फ पद से इस्तीफा दे रहे हैं। यहां बता दें कि महासचिव व प्रवक्ता के अलावा संसदीय बोर्ड की सदस्यता से भी अमर सिंह ने इस्तीफा दे दिया है। ऐसे एक पक्ष का कहना है कि अमर का मुलायम के साथ कुछ दिनों से अंदरूनी मतभेद चल रहा था। यही वजह है कि अमर ने त्यागपत्र दे दिया है। कुछ भी हो, फिलहाल सपा तो कोमा में चली गई है जिससे उबरने में उसे वक्त लगेगा।

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